Google ने भारत की शिक्षा में AI का विस्तार खूब बढ़ाया – ₹85 करोड़ का ग्रांट और JEE Main के लिए Gemini टूल्स!


अमेरिकी टेक दिग्गज Google ने भारत में शिक्षा क्षेत्र में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) को बड़े पैमाने पर लागू करने के लिए नई पहल की घोषणा की है। कंपनी की परोपकारी शाखा Google.org ने ₹85 करोड़ (लगभग $10 मिलियन) का ग्रांट Wadhwani AI को दिया, जिसका उद्देश्य AI-आधारित शैक्षिक समाधान को देशभर में फैलाना और स्केल करना है।

यह पहल AI for Education collaborative के हिस्से के तौर पर है और इसका लक्ष्य शिक्षकों और छात्रों पर दीर्घकालिक प्रभाव डालना है — न केवल एक-दो स्कूलों तक सीमित नहीं।

JEE Main तैयारी के लिए Gemini टूल्स

Google ने इसके साथ ही AI प्लेटफॉर्म Gemini पर JEE Main के लिए practice tests भी पेश किए हैं। इसे PhysicsWallah और Careers360 के साथ मिलकर विकसित किया गया है, ताकि छात्र पूर्ण-लंबाई के मॉक टेस्ट दे सकें, तुरंत प्रतिक्रिया पा सकें, और अपनी कमजोरियों के आधार पर व्यक्तिगत अध्ययन योजनाएँ तैयार कर सकें।

लक्ष्य और प्रभाव

Google के नेतृत्व में यह कार्यक्रम अगले दशक में:

  • 10 मिलियन शिक्षकों और प्रशिक्षकों तक पहुँचना,
  • 75 मिलियन छात्रों को सशक्त बनाना,
  • और लगभग 1.8 बिलियन शिक्षार्थियों पर प्रभाव डालना चाहता है।

कंपनी ने कहा है कि AI टूल्स को “शिक्षक-जैसे सहयोगी” के रूप में डिज़ाइन किया गया है ताकि वे निर्देशन, प्रतिक्रिया और अध्ययन के अनुकूल मार्गदर्शन दे सकें।

क्या बदलेगा?

AI-आधारित शिक्षण संसाधन और परीक्षा तैयारी टूल्स एक पारंपरिक कक्षा के अनुभव को बदलने की क्षमता रखते हैं। लक्ष्य सिर्फ़ तकनीकी समाधान देना नहीं, बल्कि समग्र सीखने के अनुभव को बेहतर बनाना है — ताकि विद्यार्थी अधिक आत्मविश्वास के साथ कठिन प्रतिस्पर्धी परीक्षाओं में भाग ले सकें।


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